एमजीयूजी में दूसरे चरण की प्रवेश परीक्षा सकुशल संपन्न
स्नातक, परास्नातक के विभिन्न पाठ्यक्रमों सहित पीएचडी की हुई प्रवेश परीक्षा
स्नातक, परास्नातक के विभिन्न पाठ्यक्रमों सहित पीएचडी की हुई प्रवेश परीक्षा*


स्नातक, परास्नातक के विभिन्न पाठ्यक्रमों सहित पीएचडी की हुई प्रवेश परीक्षा*


स्नातक, परास्नातक के विभिन्न पाठ्यक्रमों सहित पीएचडी की हुई प्रवेश परीक्षा*


स्नातक, परास्नातक के विभिन्न पाठ्यक्रमों सहित पीएचडी की हुई प्रवेश परीक्षा*


गोरखपुर, 20 मई (हि.स.)। महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय गोरखपुर (एमजीयूजी) में बुधवार को दूसरे चरण के अंतर्गत स्नातक, परास्नातक के विभिन्न पाठ्यक्रमों सहित पीएचडी प्रवेश के लिए परीक्षा दो पालियों में सफलतापूर्वक संपन्न हुई। प्रवेश परीक्षा में कुल 4536 परीक्षार्थी शामिल हुए।

बुधवार को बीएससी बायोटेक्नोलॉजी, एमएससी बायोटेक्नोलॉजी, बीएससी एग्रीकल्चर, बीएससी फॉरेंसिक साइंस, डीफार्म, बीफार्म, बीसीए, एमसीए, बीबीए, एमबीए, बीएससी मेडिकल माइक्रोबायोलॉजी, बीएससी माइक्रोबायोलॉजी, एमएससी माइक्रोबायोलॉजी, बीएससी बायोकेमिस्ट्री, बीएससी मेडिकल बायोकेमिस्ट्री, एमएससी बायोकेमिस्ट्री, एमएससी मेडिकल बायोकेमिस्ट्री, एमएससी फॉरेंसिक साइंस, एमएससी एग्रीकल्चर, जीएनएमऔर सभी विषयों में पीएचडी पाठ्यक्रमों के लिए प्रवेश परीक्षा हुई। विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा परीक्षा को शुचितापूर्ण, पारदर्शी, व्यवस्थित और शांतिपूर्वक तरीके से आयोजित करने के लिए विशेष इंतजाम किए गए।

प्रवेश परीक्षा को लेकर परीक्षार्थियों के अभिभावकों की सुविधा हेतु विश्वविद्यालय के मंदिर परिसर तथा अस्पताल परिसर में बैठने की समुचित व्यवस्था की गई थी। अभिभावकों के लिए गुड़ एवं शीतल जल की विशेष व्यवस्था कर उन्हें सहज और आरामदायक वातावरण प्रदान किया गया। प्रवेश परीक्षा के दौरान किसी भी प्रकार की असुविधा न हो, इस उद्देश्य से मार्गदर्शन कक्ष और सूचना केंद्र भी संचालित किए गए।

विश्वविद्यालय प्रशासन ने प्रवेश परीक्षा को शांतिपूर्ण, सुव्यवस्थित एवं सफल बनाने में सहयोग करने वाले सभी अभिभावकों, अभ्यर्थियों, संयोजक मंडल तथा कर्मचारियों का हृदय से आभार व्यक्त किया। उप कुलसचिव श्रीकांत ने बताया कि परीक्षाफल निर्धारित समय सारिणी के अनुसार समय पर घोषित किया जाएगा जिसकी सूचना विश्वविद्यालय की आधिकारिक वेबसाइट (www. mgug.ac.in) पर प्रदान की जाएगी।

हिन्दुस्थान समाचार / प्रिंस पाण्डेय