वेद मार्ग अपनाने से ही समाप्त होते हैं राग, द्वेष और क्रोध के दोष-स्वामी राम स्वरूप जी
कठुआ, 02 जून (हि.स.)। वेद मन्दिर योल में चल रहे 78 दिवसीय चारों वेदों के यज्ञानुष्ठान के 52वें दिन योगाचार्य स्वामी राम स्वरूप जी ने अथर्ववेद काण्ड 2 सूक्त 24 के माध्यम से जिज्ञासुओं को महत्वपूर्ण आध्यात्मिक संदेश दिया। उन्होंने कहा कि परमेश्वर द्व
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