मानव अधिकारों का सम्मान है प्रगतिशील समाज की आधारशिला : प्रियंक
बिजनौर 07 जनवरी (हि .स.) | राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग के सदस्य प्रियंक कानूनगो की अध्यक्षता में जनपद स्तर पर मानवाधिकारों के संरक्षण एवं समावेशी विकास को सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से संबंधित बैठक आज दोपहर विकास भवन सभागार में आयोजित हुई। राष्ट्रीय
बैठक में मौजूद मानवाधिकार आयोग सदस्य प्रियंक


बिजनौर 07 जनवरी (हि .स.) | राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग के सदस्य प्रियंक कानूनगो की अध्यक्षता में जनपद स्तर पर मानवाधिकारों के संरक्षण एवं समावेशी विकास को सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से संबंधित बैठक आज दोपहर विकास भवन सभागार में आयोजित हुई।

राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग के सदस्य प्रियंक कानूनगो ने कहा कि मानवाधिकारों का सम्मान और समावेशी विकास किसी भी समाज की प्रगति की आधारशिला है, इसके लिए सभी संबंधित विभागों को संवेदनशीलता एवं जिम्मेदारी के साथ कार्य करना होगा। वास्तविक समावेशी विकास तभी संभव है, जब समाज के अंतिम व्यक्ति तक मानवाधिकारों की पहुंच सुनिश्चित हो। बिना भेदभाव के विकास की मुख्यधारा में सभी की भागीदारी अनिवार्य है।

उन्होंने निर्देश दिए कि जेल में 70 वर्ष से अधिक आयु वाले बंदियों सहित वृद्धा पेंशन एवं विधवा पेंशन के 70 वर्ष पूर्ण कर चुके लाभार्थियों को आयुष्मान योजना से आच्छादित करना सुनिश्चित करें। उन्होंने न्यायिक पीठ बाल कल्याण समिति के कार्यों की समीक्षा करते हुए निर्देश दिए कि अनाथ अथवा ऐसे बच्चे जो अपने मां-बाप को नहीं जानते, उनको गोद दिलाने की प्रक्रिया शुरू करें। मानवाधिकारों के सिद्धांतों को सरकारी नीतियों और योजनाओं के क्रियान्वयन में शामिल किया जाए ताकि कोई भी पात्र व्यक्ति लाभ से वंचित न रहे। साथ ही उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि सरकारी योजनाओं का लाभ पात्र व्यक्तियों तक समयबद्ध एवं पारदर्शी तरीके से पहुँचाया जाए। जमीनी स्तर पर मानवाधिकारों के प्रति जागरूकता फैलाने के लिए विशेष शिविरों और कार्यशालाओं का आयोजन किया जाए। उन्होंने महिलाओं, बच्चों, दिव्यांगों और आर्थिक रूप से पिछड़े वर्गों के अधिकारों की सुरक्षा पर विशेष जोर दिया गया।

बैठक में उन्हाेंने महिला कल्याण, किशोर न्याय बोर्ड, बाल कल्याण समिति, एएचटीयू, जिला कारागार, अल्पसंख्यक कल्याण एवं समाज कल्याण विभाग, जिला पंचायत राज विभाग, सहायक आयुक्त एवं सहायक निबन्धक सहकारिता विभाग, बेसिक एवं माध्यमिक शिक्षा, महिला एवं बाल कल्याण सहित अन्य संबंधित विभागों की बिंदुवार समीक्षा की और आवश्यक दिशा निर्देश संबंधित अधिकारी को दिए।

इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व वान्या सिंह, परियोजना निदेशक डीआरडीए दिनकर भारती, जिला विकास अधिकारी रचना गुप्ता, जिला प्रोबेशन अधिकारी सौरभ कुमार सहित अन्य संबंधित विभागीय अधिकारी मौजूद रहे।

हिन्दुस्थान समाचार / नरेन्द्र