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हैदराबाद, 02 जुलाई (हि. स.)। हाल के दिनों में हत्या, डकैती और चोरी जैसे आपराधिक मामलों में कुछ नेपाली मूल के व्यक्तियों की कथित संलिप्तता सामने आने के बाद हैदराबाद के नेपाली समुदाय ने लोगों से पूरे समुदाय को अपराध से जोड़कर देखने से बचने की अपील की है। समुदाय का कहना है कि कुछ व्यक्तियों की करतूतों के आधार पर हजारों ईमानदार और कानून का पालन करने वाले नेपाली कामगारों की छवि धूमिल करना उचित नहीं है।
तेलंगाना नेपाली वेलफेयर एसोसिएशन के महासचिव टेक बी. भंडारी ने कहा कि सोशल मीडिया पर 'नेपाली कामगारों' को अपराधी के रूप में पेश करने वाले संदेशों से समुदाय में भय का माहौल बना है और वर्षों से अर्जित उनकी विश्वसनीयता को नुकसान पहुंचा है। उन्होंने कहा कि कई पीढ़ियों से नेपाली गोरखा सुरक्षा गार्ड पूरे भारत में ईमानदारी और निष्ठा के साथ सेवाएं दे रहे हैं तथा हैदराबाद और तेलंगाना में भी अपनी मेहनत से आजीविका कमा रहे हैं।
एसोसिएशन के अनुसार, वर्तमान में तेलंगाना में करीब 40 से 50 हजार नेपाली नागरिक विभिन्न क्षेत्रों में कार्यरत हैं, जिनमें सुरक्षा सेवाओं का क्षेत्र प्रमुख है।
भंडारी ने नियोक्ताओं और आम नागरिकों से अपील की कि वे अफवाहों या सोशल मीडिया पर प्रसारित संदेशों पर विश्वास करने के बजाय एसोसिएशन के माध्यम से नेपाली कामगारों की पहचान और दस्तावेजों का सत्यापन कराएं। उन्होंने बताया कि एसोसिएशन सत्यापित कामगारों को आधिकारिक मुहरयुक्त प्रमाण पत्र जारी करने के लिए तैयार है, जिससे वास्तविक कामगारों और फर्जी पहचान वाले लोगों के बीच अंतर करना आसान होगा। इससे जरूरत पड़ने पर पुलिस और अन्य कानून प्रवर्तन एजेंसियों को भी जांच में मदद मिलेगी।
एसोसिएशन ने राज्य सरकार से नेपाली सुरक्षा कर्मियों के लिए बीमा सुविधा उपलब्ध कराने की भी मांग की है। उनका कहना है कि बड़ी संख्या में नेपाली सुरक्षा गार्ड राज्यभर में महत्वपूर्ण आवासीय और व्यावसायिक परिसरों की सुरक्षा की जिम्मेदारी निभा रहे हैं, इसलिए उन्हें सामाजिक सुरक्षा का लाभ मिलना चाहिए।
उल्लेखनीय है कि हाल ही में हैदराबाद के प्रशासनिक नगर क्षेत्र में एक सेवानिवृत्त डीजीपी की पत्नी की हत्या के मामले में घर में कार्यरत नेपाली मूल के एक नौकर की कथित संलिप्तता सामने आई थी। इसके बाद सोशल मीडिया पर पूरे नेपाली समुदाय को लेकर कई भ्रामक और सामान्यीकृत टिप्पणियां सामने आईं, जिसके विरोध में समुदाय ने यह अपील जारी की है।
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हिन्दुस्थान समाचार / Dev Kumar Pukhraj