Enter your Email Address to subscribe to our newsletters

नई दिल्ली, 15 मई (हि.स.)। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शुक्रवार को उन मीडिया रिपोर्टों को पूरी तरह से गलत करार हुए खारिज कर दिया जिनमें दावा किया गया था कि सरकार विदेश यात्रा पर कोई कर, उपकर या प्रतिबंध लगाने पर विचार कर रही है।
प्रधानमंत्री ने शुक्रवार रात सोशल मीडिया मंच एक्स पर एक पोस्ट में कहा कि इस तरह का प्रचार सरासर झूठ है। इसमें जरा भी सच्चाई नहीं है। विदेश यात्रा पर इस तरह के प्रतिबंध लगाने का कोई सवाल ही नहीं उठता। हम अपने लोगों के लिए 'व्यापार करने में आसानी' और 'जीवन जीने में आसानी' को बेहतर बनाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
उल्लेखनीय है कि प्रधानमंत्री ने पिछले दिनों हैदराबाद में 10 मई को और वडोदरा में 11 मई को वैश्विक परिस्थितियों को देखते हुए देशवासियों से सात प्रकार के आह्वान किए थे। इनमें पश्चिमी एशिया के संकट को देखते हुए पेट्रोल और डीजल की खपत को घटाने के लिए वर्क फ्राम होम और वाहनों पर निर्भरता कम करने, सार्वजनिक वाहन के प्रयोग को बढा़वा देने आदि की बात कही थी। साथ ही साथ विदेशी मुद्रा की बचत के लिए सोना खरीदने की लालसा को भी कम करने का आह्वान किया था। इसी क्रम में प्रधानमंत्री मोदी ने कहा था कि आवश्यक होने पर ही विदेश यात्रा करें। उनका आशय गर्मियों की छुट्टियों मनाने आदि के लिए विदेश जाने वालों को संयम बरतने के लिए था। आवश्यक होने या व्यापार आदि के लिए विदेश की यात्रा पर रोक जैसी कोई बात नहीं थी।प्रधानमंत्री मोदी ने उनके बयान को लेकर किए जा रहे दुष्प्रचार से लोग प्रभावित न हों, इसलिए साफ तौर पर कहा है कि हम ‘ईज ऑफ डूइंग बिजनेस’ और ईज ऑफ लिविंग को प्राथमिकता देते हैं ।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / प्रभात मिश्रा