‘हैप्पीनेस इंडेक्स’ के नाम पर भारत से छल! युद्धरत देश भी हैं भारत से आगे
-डॉ. मयंक चतुर्वेदी
वैश्विक स्तर पर किसी देश की प्रगति को लंबे समय तक उसकी आर्थिक ताकत, विशेषकर सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) से मापा जाता रहा है, किंतु बदलती वैश्विक सोच ने तथ्यों एवं आंकड़ों से समझाया कि आर्थिक वृद्धि ही मानव जीवन की गुणवत्ता और सं
Invalid email address
संपर्क करें
हिन्दुस्थान समाचार बहुभाषी न्यूज एजेंसी एम-6, भगत सिंह मार्केट, गोल मार्केट, नई दिल्ली- 110001