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सुपौल, 05 अगस्त (हि.स.)। भारत-नेपाल अंतरराष्ट्रीय सीमा पर अवैध गतिविधियों और तस्करी पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से चलाए जा रहे विशेष निगरानी अभियान के तहत 45वीं वाहिनी सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) ने दो अलग-अलग मामलों में बड़ी कार्रवाई की है। दोनों मामलों में बरामद सामान और संबंधित व्यक्तियों को आगे की कानूनी प्रक्रिया के लिए संबंधित विभागों को सौंप दिया गया है।पहली कार्रवाई सीमा चौकी नियोर क्षेत्र में की गई। विशेष नाका जांच के दौरान नेपाल की ओर जा रही एक स्कॉर्पियो को रोककर उसकी तलाशी ली गई। वाहन चालक ने अपनी पहचान नेपाल के सप्तरी जिले के मोहनपुर निवासी देवानंद मिश्रा के रूप में बताई। तलाशी के दौरान वाहन की डिक्की से दो कार्टन मिले, जिनमें 50 बाओफेंग वॉकी-टॉकी और 50 बाओफेंग पोर्टेबल टू-वे रेडियो सहित कुल 100 वायरलेस संचार उपकरण बरामद हुए।
जांच में वाहन से नई दिल्ली के चांदनी चौक स्थित महेश्वरी ट्रेड की ओर से जारी सेल इनवॉइस और डिलीवरी स्लिप भी मिली, जो कुनौली स्थित महावीर इलेक्ट्रॉनिक के नाम पर थी। चालक ने पूछताछ में बताया कि वह इन उपकरणों को नेपाल पहुंचाने के बदले एक हजार रुपये लेने वाला था। हालांकि वह वायरलेस उपकरणों के परिवहन के लिए आवश्यक डब्ल्यूपीसी, ईटीए या अन्य वैध अनुमति संबंधी दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका। इसके बाद एसएसबी ने उपकरण, वाहन और दस्तावेज जब्त कर आरोपी को डगमारा थाना के हवाले कर दिया।
एसएसबी अधिकारियों के अनुसार, 21 जुलाई को भी सीमा क्षेत्र से वॉकी-टॉकी बरामद किए गए थे। लगातार दूसरी बार इस तरह की बड़ी खेप मिलने के बाद सुरक्षा एजेंसियां पूरे नेटवर्क की गहन जांच में जुट गई हैं। यह भी पता लगाया जा रहा है कि संचार उपकरण सीमा क्षेत्र तक किस माध्यम से पहुंचाए गए।दूसरी कार्रवाई सीमा चौकी कटैया में नियमित जांच के दौरान की गई। नेपाल से भारत आ रहे रविंद्र यादव की तलाशी लेने पर उसके पास से 2 लाख 63 हजार नेपाली रुपये बरामद हुए। पूछताछ के दौरान वह इस राशि से संबंधित कोई वैध दस्तावेज या संतोषजनक जानकारी उपलब्ध नहीं करा सका। इसके बाद एसएसबी ने नेपाली मुद्रा और उसकी साइकिल जब्त कर आगे की कार्रवाई के लिए सीमा शुल्क कार्यालय, भीमनगर को सौंप दिया।
45वीं वाहिनी एसएसबी के कमांडेंट गौरव सिंह ने कहा कि भारत-नेपाल सीमा पर तस्करी और अन्य अवैध गतिविधियों पर प्रभावी रोक लगाने के लिए बल पूरी सतर्कता के साथ लगातार निगरानी अभियान चला रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि सीमा सुरक्षा से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और भविष्य में भी इस तरह की कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।
हिन्दुस्थान समाचार / विनय कुमार मिश्र