(त्वरित टिप्पणी): जंतर-मंतर : आंदोलन का अंत या कानून की हार? सवाल अब भी बाकी है!
डॉ. मयंक चतुर्वेदी
संवाद लोकतंत्र की शक्ति है, किंतु यदि हिंसा पर भी समझौता होने लगे तो सबसे बड़ा सवाल संविधान और कानून के शासन पर खड़ा होता है। वस्तुत: लोकतंत्र की असली ताकत इस बात से मापी जाती है कि वहां कानून कितना सर्वोपरि है। जनता को अपनी बा
Invalid email address
संपर्क करें
हिन्दुस्थान समाचार बहुभाषी न्यूज एजेंसी एम-6, भगत सिंह मार्केट, गोल मार्केट, नई दिल्ली- 110001