Enter your Email Address to subscribe to our newsletters


पूर्वी सिंहभूम, 06 जनवरी (हि.स.)। डीबीएमएस कॉलेज ऑफ एजुकेशन के वर्ष 2019-21, 2020-22 और 2021-23 सत्र के विद्यार्थियों का भव्य दीक्षांत समारोह हाल ही में आयोजित किया गया। समारोह में जमशेदपुर पश्चिम के विधायक सरयू राय मुख्य अतिथि थे। डीबीएमएस कॉलेज ऑफ एजुकेशन के अध्यक्ष चंद्रशेखर, संस्थापक नटराजन और प्रिंसिपल एके झा विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित थे। इस अवसर पर विद्यार्थियों को बीएड की डिग्री प्रदान की गई।
दीक्षांत समारोह को संबोधित करते हुए सरयू राय ने विद्यार्थियों से कहा कि अब उनकी जिम्मेदारी शिक्षकों को शिक्षित करना है। उन्होंने राष्ट्रीय शिक्षा नीति में विद्यार्थियों की भूमिका का जिक्र करते हुए कहा कि शिक्षा का उद्देश्य मेधावी मस्तिष्कों का चयन और उन्हें विकसित करना है, ताकि वे वैश्विक और राष्ट्रीय स्तर की चुनौतियों का सामना कर सकें।
सरयू राय ने कहा कि स्कूल और विश्वविद्यालय एक संस्थान की तरह व्यवस्थित रूप से काम करें। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि जैसे प्रकृति में फसलें समय पर बोई और कटाई की जाती हैं, वैसे ही शिक्षा संस्थानों में नामांकन, सत्र की समाप्ति, परीक्षा और परिणाम समय पर तय होना चाहिए। इस तरह की व्यवस्था से विद्यार्थियों को बहुत लाभ मिलेगा और शिक्षा का स्तर उच्च रहेगा।
उन्होंने सरकार द्वारा निजी विद्यालयों को कमजोर वर्ग के छात्रों के लिए आरक्षित सीटों पर अनुदान समय पर न देने की बात भी उठाई। सरयू राय ने स्पष्ट किया कि अगर सरकार समय पर अनुदान नहीं देगी तो शिक्षा की गुणवत्ता प्रभावित होगी और शिक्षण संस्थानों के संचालन में कठिनाई होगी। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत सरकार को अपनी जिम्मेदारियों का पालन करना चाहिए। ऐसा होने पर ही शिक्षण संस्थानों से दक्ष और प्रवीण युवा तैयार होंगे और देश के सामने आने वाली चुनौतियों का सामना कर सकेंगे।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / गोविंद पाठक