Enter your Email Address to subscribe to our newsletters

जयपुर, 06 जनवरी (हि.स.)। राजस्थान हाईकोर्ट में हर माह के दो शनिवार को कार्य दिवस घोषित करने के खिलाफ वकीलों के विरोध को देखते हुए हाईकोर्ट प्रशासन ने जजों की कमेटी गठित करने की बात कही है। हाईकोर्ट बार एसोसिएशन जयपुर और जोधपुर की हाईकोर्ट एडवोकेट एसोसिएशन व लॉयर्स एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने मंगलवार को कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश के साथ इस संबंध में बैठक की। बैठक में बार कौंसिल ऑफ राजस्थान के चेयरमैन भुवनेश शर्मा भी मौजूद रहे।
बैठक में बार पदाधिकारियों ने शनिवार को कार्यदिवस घोषित करने को अव्यवहारिक और परेशानियां पैदा करने वाला बताया। हाईकोर्ट बार अध्यक्ष राजीव सोगरवाल ने कहा कि मलीमत कमेटी की सिफारिशों के अनुसार हाईकोर्ट में साल के 210 कार्यदिवस निर्धारित हैं। ऐसे में इसमें बदलाव के लिए राष्ट्रपति की मंजूरी जरूरी है। वहीं जोधपुर बार पदाधिकारियों ने इसे एक तरफ फैसला बताते हुए वापस लेने की मांग की। वहीं एक पूर्व अध्यक्ष ने यह भी सुझाव दिया कि रोजाना होने वाली सुनवाई का समय आधा घंटा बढा दिया जाए। हाईकोर्ट बार महासचिव दीपेश शर्मा ने बताया कि कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश ने इस संबंध में एक कमेटी गठित कर उससे 21 जनवरी तक सिफारिश लेने का आश्वासन दिया है। गौरतलब है कि हाईकोर्ट की फुल कोर्ट की बैठक में हर माह के दो शनिवार को कार्य दिवस घोषित करने का निर्णय लिया गया है। इसके बाद साल 2026 के कैलेंडर को संशोधित भी किया जा चुका है। वहीं साल के पहले दिन पांच जनवरी को वकीलों ने इसका विरोध करते हुए अपने आप को न्यायिक कार्रवाई से दूर रखा था।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / पारीक