नाबालिग सुसाइड केस में दोषी को तीन साल का कठोर कारावास व एक लाख रूपए जुर्माने की सजा
दौसा, 18 नवंबर (हि.स.)। पॉक्सो कोर्ट ने नाबालिग लड़की के सुसाइड केस से जुड़े मामले ने आरोपी को छेड़छाड़ का दोषी मानते हुए 3 साल का कठोर कारावास व एक लाख रूपए जुर्माने की सजा सुनाई है। घटनाक्रम 28 जुलाई 2022 का जिले के एक गांव का है, सम्बन्ध में प
दौसा की पॉक्सो कोर्ट ने सुसाइड केस के दोषी को सजा सुनाई है


दौसा, 18 नवंबर (हि.स.)। पॉक्सो कोर्ट ने नाबालिग लड़की के सुसाइड केस से जुड़े मामले ने आरोपी को छेड़छाड़ का दोषी मानते हुए 3 साल का कठोर कारावास व एक लाख रूपए जुर्माने की सजा सुनाई है।

घटनाक्रम 28 जुलाई 2022 का जिले के एक गांव का है, सम्बन्ध में पीड़िता के पिता के रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसकी नाबालिग बेटी को नरेश पुत्र तुलसीराम अश्लील हरकतें कर परेशान करता था। जिससे परेशान होकर पीडिता ने सुसाइड कर लिया था। मामले की जांच करते हुए पुलिस ने आरोपी के खिलाफ पॉक्सो एक्ट समेत अलग-अलग धाराओं में चार्जशीट पेश की। मामले में अभियोजन की ओर से पक्ष रखते हुए विशिष्ट लोक अभियोजक जितेन्द्र सैनी द्वारा 30 गवाह व 46 दस्तावेज पेश किए गए। जिस पर पॉक्सो कोर्ट के न्यायाधीश रेखा राठौड़ द्वारा गवाह व दस्तावेजी साक्ष्य के आधार पर पत्रावली का अवलोकन करते हुए आरोपी नरेश पत्र को दोषी करार दिया। कोर्ट ने दोषी को पॉक्सो एक्ट में 3 वर्ष का कठोर कारावास व एक लाख रूपए के जुर्माने से दण्डित किया है। उक्त जुर्माना राशि मृतका के माता-पिता को बतौर क्षतिपूर्ति देने के आदेश दिए हैं।

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हिन्दुस्थान समाचार / चरणजीत