जम्मू-कश्मीर झील संरक्षण एवं प्रबंधन प्राधिकरण के उपाध्यक्ष ने गिलसर में संरक्षण और ड्रेजिंग कार्यों की समीक्षा की
श्रीनगर, 14 अगस्त (हि.स.)। जम्मू-कश्मीर झील संरक्षण एवं प्रबंधन प्राधिकरण के उपाध्यक्ष खुर्शीद अहमद शाह ने आज गिलसर में चल रहे संरक्षण, जीर्णोद्धार और नेविगेशन चैनलों की सफाई के कार्यों की समीक्षा के लिए व्यापक क्षेत्र निरीक्षण किया। उनके साथ कलेक
जम्मू-कश्मीर झील संरक्षण एवं प्रबंधन प्राधिकरण के उपाध्यक्ष ने गिलसर में संरक्षण और ड्रेजिंग कार्यों की समीक्षा की


श्रीनगर, 14 अगस्त (हि.स.)। जम्मू-कश्मीर झील संरक्षण एवं प्रबंधन प्राधिकरण के उपाध्यक्ष खुर्शीद अहमद शाह ने आज गिलसर में चल रहे संरक्षण, जीर्णोद्धार और नेविगेशन चैनलों की सफाई के कार्यों की समीक्षा के लिए व्यापक क्षेत्र निरीक्षण किया।

उनके साथ कलेक्टर, कार्यकारी अभियंता, झील प्रभाग प्रथम/द्वितीय/यांत्रिक, एईई और प्राधिकरण के अन्य फील्ड स्टाफ भी थे।

निरीक्षण के दौरान उपाध्यक्ष ने दोनों जल निकायों में नेविगेशन चैनलों की ड्रेजिंग और सफाई की प्रगति की समीक्षा की। उन्हें बताया गया कि सैदापोरा पुल से फिरदौसा आबाद और साज़गरीपोरा की ओर जाने वाले दो प्रमुख चैनलों की ड्रेजिंग पूरी हो चुकी है। शेष आंतरिक चैनलों को खोलने और साफ करने का काम वर्तमान में चल रहा है।

उपाध्यक्ष ने हाल ही में क्षेत्र में तैनात वाटरमास्टर का भी निरीक्षण किया और नेविगेशन चैनलों की सफाई, खोलने और रखरखाव के लिए इसके उपयोग की समीक्षा की।

संबंधित अधिकारियों ने उपाध्यक्ष को अब तक की प्रगति, कार्यों के क्रियान्वयन में आने वाली चुनौतियों और शेष कार्यों को समय पर पूरा करने के लिए उठाए जा रहे उपायों के बारे में जानकारी दी।

उपाध्यक्ष ने संबंधित अधिकारियों और फील्ड स्टाफ को निर्देश दिया कि वे सभी चल रहे कार्यों को कुशलतापूर्वक और निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरा करें। उन्होंने खुशालसर और गिलसर में नौवहन संपर्क बहाल करने और जल प्रवाह में सुधार के लिए नियमित फील्ड निगरानी, उपलब्ध मशीनों के अधिकतम उपयोग और फील्ड टीमों के बीच घनिष्ठ समन्वय के महत्व पर जोर दिया।

उन्होंने इस बात पर बल दिया कि जल निकायों के पारिस्थितिक स्वास्थ्य की रक्षा करते हुए नौवहन, जल प्रवाह और परस्पर जुड़े जल निकायों की समग्र कार्यप्रणाली में सुधार सुनिश्चित करने के लिए सभी संरक्षण और पुनर्स्थापन कार्य सावधानीपूर्वक किए जाने चाहिए।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / राधा पंडिता