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कोलकाता, 06 जुलाई (हि. स.)। पश्चिम बंगाल के अधिकांश हिस्सों में अगले 24 घंटों के दौरान मौसम का मिजाज पूरी तरह बदला रहेगा। आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, दक्षिण बंगाल से लेकर उत्तर बंगाल तक गरज-चमक के साथ भारी बारिश और वज्रपात की प्रबल आशंका है। दिनभर आसमान में काले बादलों का डेरा रहने से तापमान में गिरावट दर्ज होने की संभावना है।
मौसम विभाग ने उत्तर बंगाल के जिलों के लिए रेड अलर्ट जारी करते हुए अत्यंत भारी बारिश की चेतावनी दी है। अलीपुरद्वार, कूचबिहार, जलपाईगुड़ी, दार्जिलिंग और कालिम्पोंग में मूसलाधार बारिश के कारण निचले इलाकों में जलजमाव तथा पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन की स्थिति उत्पन्न हो सकती है। प्रशासन को पूरी तरह सतर्क रहने तथा नदियों के जलस्तर पर लगातार निगरानी रखने के निर्देश दिए गए हैं।
महानगर कोलकाता समेत दक्षिण बंगाल के जिलों—पूर्व एवं पश्चिम मेदिनीपुर, हावड़ा, हुगली तथा पश्चिम बर्धमान के बी-जोन सहित अन्य क्षेत्रों—में सुबह से ही आंशिक रूप से बादल छाए हुए हैं। कोलकाता और आसपास के इलाकों में सोमवार को न्यूनतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस तथा अधिकतम तापमान 33 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है। हवा में नमी का स्तर अधिक होने के कारण बारिश से पहले उमस बनी रहेगी, जबकि तेज हवाओं और बौछारों के बाद मौसम सुहावना हो जाएगा।
दुर्गापुर के बी-जोन तथा आसपास के औद्योगिक क्षेत्रों में भी आगामी दिनों के दौरान वर्षा की निरंतरता बनी रहने की संभावना है। मौसम विभाग के मुताबिक, दक्षिण-पूर्वी दिशा से करीब 11 मील प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलेंगी। गरज-चमक के साथ बारिश की संभावना 90 प्रतिशत से अधिक है। अगले 10 दिनों तक रुक-रुक कर वर्षा का सिलसिला जारी रहने की उम्मीद जताई गई है।
इस बीच, खड़गपुर, बांकुड़ा, झाड़ग्राम, पूर्व मेदिनीपुर और विष्णुपुर में रविवार रातभर अच्छी बारिश दर्ज की गई। क्षेत्र में बने निम्न दबाव के प्रभाव से इन इलाकों में अगले कुछ दिनों तक रुक-रुक कर वर्षा जारी रहने की संभावना है। मौसम विभाग ने निचले क्षेत्रों में जलभराव तथा स्थानीय स्तर पर यातायात प्रभावित होने की आशंका भी जताई है।
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हिन्दुस्थान समाचार / अभिमन्यु गुप्ता