Enter your Email Address to subscribe to our newsletters

नई दिल्ली, 14 जुलाई (हि.स.)। गाजीपुर डंप साइट पर लिगेसी वेस्ट के निस्तारण तथा दिल्ली में ठोस अपशिष्ट एवं गोबर प्रबंधन की भावी कार्ययोजना की समीक्षा के लिए मंगलवार को केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग राज्य मंत्री तथा भाजपा दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष हर्ष मल्होत्रा की अध्यक्षता एवं दिल्ली के महापौर प्रवेश वाही की उपस्थिति में एक उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई।
बैठक के दौरान एमसीडी के वरिष्ठ अधिकारियों ने दिल्ली की तीनों लिगेसी वेस्ट डंप साइटों भलस्वा, ओखला एवं गाजीपुर पर चल रहे बायो-माइनिंग एवं वैज्ञानिक निस्तारण कार्यों की प्रगति पर विस्तृत प्रस्तुति दी। प्रस्तुति में वैज्ञानिक विधि से लिगेसी वेस्ट के प्रसंस्करण के माध्यम से मूल्यवान भूमि को पुनः उपयोग योग्य बनाने की दिशा में निगम द्वारा प्राप्त महत्वपूर्ण उपलब्धियों की जानकारी दी गई।
अधिकारियों ने अवगत कराया कि तीनों डंप साइटों पर अब तक कुल 95 एकड़ भूमि पुनः प्राप्त की जा चुकी है, जिसमें भलस्वा में 45 एकड़, ओखला में 30 एकड़ तथा गाज़ीपुर में 20 एकड़ भूमि शामिल है। यह पुनः प्राप्त भूमि दिल्ली के शहरी पर्यावरण को बेहतर बनाने तथा सतत एवं योजनाबद्ध भूमि उपयोग को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
बैठक में यह भी बताया गया कि जुलाई 2022 से जुलाई 2026 के बीच एमसीडी ने तीनों लैंडफिल साइटों पर कुल 212.60 लाख मीट्रिक टन लिगेसी वेस्ट का सफलतापूर्वक बायो-माइनिंग के माध्यम से निस्तारण किया है। यह उपलब्धि दिल्ली की सबसे बड़ी पर्यावरणीय चुनौतियों में से एक के समाधान की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
अधिकारियों ने यह भी जानकारी दी कि 109.50 लाख मीट्रिक टन लिगेसी वेस्ट के वैज्ञानिक निस्तारण हेतु एकीकृत बायो-माइनिंग कार्यों के तृतीय चरण के लिए निविदाएं आमंत्रित की जा चुकी हैं। इस चरण के पूरा होने के बाद तीनों डंप साइटों पर लिगेसी वेस्ट का पूर्णतः निस्तारण संभव हो सकेगा। प्रस्तावित परियोजना का उद्देश्य दशकों पुराने कूड़े के पहाड़ों का वैज्ञानिक तरीके से पूर्ण उन्मूलन सुनिश्चित करना है।
कार्यों की प्रगति की समीक्षा करते हुए भाजपा दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष हर्ष मल्होत्रा ने संबंधित अधिकारियों को विशेष रूप से गाज़ीपुर डंप साइट पर बायो-माइनिंग एवं रेमेडिएशन कार्यों में और अधिक तेजी लाने तथा परियोजना को निर्धारित समय-सीमा से पहले पूरा करने के लिए सभी आवश्यक प्रयास करने के निर्देश दिए।
हर्ष मल्होत्रा ने कहा कि लिगेसी वेस्ट का वैज्ञानिक निस्तारण पर्यावरण की गुणवत्ता में सुधार, प्रदूषण में कमी, मूल्यवान शहरी भूमि की पुनर्प्राप्ति तथा दिल्लीवासियों के जीवन स्तर को बेहतर बनाने के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि चल रहे कार्यों की नियमित एवं प्रभावी निगरानी सुनिश्चित की जाए, संचालन संबंधी बाधाओं को प्राथमिकता के आधार पर दूर किया जाए तथा गुणवत्ता मानकों का पूर्णतः पालन करते हुए अधिकतम दक्षता के साथ कार्य संपादित किए जाएं।
दिल्ली के महापौर प्रवेश वाही ने कहा कि केंद्र सरकार के मार्गदर्शन तथा दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के सहयोग से दिल्ली नगर निगम राजधानी को स्वच्छ, हरित एवं सतत विकास वाला शहर बनाने के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रहा है। उन्होंने विश्वास दिलाया कि एमसीडी वैज्ञानिक एवं पर्यावरण-अनुकूल तकनीकों के माध्यम से सभी लिगेसी वेस्ट स्थलों के पूर्ण निस्तारण के लक्ष्य को प्राप्त करने तथा स्वीकृत परियोजनाओं को समयबद्ध रूप से पूरा करने के लिए पूरी निष्ठा एवं समर्पण के साथ कार्य करती रहेगी।
बैठक में दिल्ली की ठोस अपशिष्ट प्रबंधन व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने की भावी रणनीतियों की भी समीक्षा की गई। साथ ही, राजधानी में स्वच्छ एवं सतत अपशिष्ट प्रबंधन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से गोबर के वैज्ञानिक प्रबंधन की योजनाओं पर भी विस्तार से चर्चा की गई।
बैठक के दौरान दिल्ली नगर निगमायुक्त संजीव खिरवार, अतिरिक्त आयुक्त अरुण कुमार मिश्रा, अभियंता-प्रमुख पी.सी. मीणा सहित नगर निगम के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / माधवी त्रिपाठी