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कानपुर, 13 जुलाई (हि.स.)। 59वां दीक्षांत समारोह विद्यार्थियों की शैक्षणिक उपलब्धियों का उत्सव होने के साथ उनके जीवन की नई यात्रा की शुरुआत का प्रतीक होगा। यह बातें सोमवार को भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) कानपुर के निदेशक प्रो. मणीन्द्र अग्रवाल ने 15 जुलाई को आयोजित होने वाले संस्थान के 59वें दीक्षांत समारोह के संबंध में सोमवार को जारी जानकारी में कहीं।आईआईटी कानपुर का 59वां दीक्षांत समारोह 15 जुलाई को आयोजित किया जाएगा। इस वर्ष विभिन्न शैक्षणिक कार्यक्रमों के लगभग 3104 विद्यार्थियों को उपाधियां प्रदान की जाएंगी। समारोह के मुख्य अतिथि भारतीय राष्ट्रीय अंतरिक्ष संवर्धन एवं प्राधिकरण केंद्र (इन-स्पेस), भारत सरकार के अंतरिक्ष विभाग के अध्यक्ष एवं संस्थान के पूर्व छात्र डॉ. पवन गोयनका होंगे।
समारोह की अध्यक्षता आईआईटी कानपुर के बोर्ड ऑफ गवर्नर्स के अध्यक्ष तथा निदेशक प्रो. मणीन्द्र अग्रवाल करेंगे। इस अवसर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को राष्ट्रपति स्वर्ण पदक, निदेशक स्वर्ण पदक सहित विभिन्न श्रेणियों के पदक एवं पुरस्कार प्रदान किए जाएंगे।संस्थान के अनुसार इस वर्ष 390 विद्यार्थियों को पीएचडी, 852 को बीटेक, 502 को एमटेक, 212 को बीएस, 186 को एमएससी, 59 को एमबीए, 36 को एमडिजाइन, 66 को एमएस (शोध), 40 को पीजीपीईएक्स-वीएलएफएम, 35 को डबल मेजर, 107 को ड्यूल डिग्री, 28 को एमएस-पीडी तथा 492 विद्यार्थियों को ई-मास्टर्स कार्यक्रमों की उपाधियां प्रदान की जाएंगी। इसके अलावा 53 विद्यार्थियों को एमटेक-पीएचडी, एक को एम डिजाइन-पीएचडी और चार को एमएस (शोध)-पीएचडी की संयुक्त उपाधियां भी दी जाएंगी। यह सभी उपाधियां बोर्ड ऑफ गवर्नर्स की स्वीकृति के अधीन होंगी।दीक्षांत समारोह दो सत्रों में आयोजित किया जाएगा। पहले सत्र में मुख्य सभागार में मेधावी विद्यार्थियों को पदक और पुरस्कार प्रदान किए जाएंगे, जबकि दूसरे सत्र में विभिन्न विभागों के लेक्चर हॉल में विद्यार्थियों को उपाधियां दी जाएंगी। इस व्यवस्था का उद्देश्य अधिक से अधिक विद्यार्थियों और उनके परिजनों की सहभागिता सुनिश्चित करना है।
मुख्य अतिथि डॉ. पवन गोयनका आईआईटी कानपुर के पूर्व छात्र हैं। उन्होंने संस्थान से यांत्रिक अभियांत्रिकी में बीटेक तथा अमेरिका के कॉर्नेल विश्वविद्यालय से पीएचडी की है। वर्तमान में वे इन-स्पेस के अध्यक्ष हैं और वर्ष 2025 में उन्हें पद्मश्री से सम्मानित किया गया था। समारोह में संस्थान की पारंपरिक पोशाक व्यवस्था भी लागू रहेगी।
हिन्दुस्थान समाचार / रोहित कश्यप