जेपीयू में 913 करोड़ रुपए का बजट हुआ पास
सारण, 06 मई (हि.स.)। जयप्रकाश विश्वविद्यालय छपरा के सीनेट हॉल में विश्वविद्यालय अधिषद की बैठक कुलपति प्रो परमेंद्र कुमार बाजपेई की अध्यक्षता में संपन्न हुई। बैठक के दौरान शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए 9134276742 रुपये का प्रस्तावित बजट सर्वसम्मति
जेपीयू में 913 करोड़ रुपए का बजट हुआ पास का


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जेपीयू में 913 करोड़ रुपए का बजट हुआ पास का


सारण, 06 मई (हि.स.)। जयप्रकाश विश्वविद्यालय छपरा के सीनेट हॉल में विश्वविद्यालय अधिषद की बैठक कुलपति प्रो परमेंद्र कुमार बाजपेई की अध्यक्षता में संपन्न हुई।

बैठक के दौरान शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए 9134276742 रुपये का प्रस्तावित बजट सर्वसम्मति से पारित किया गया। बैठक की शुरुआत करते हुए कुलपति प्रो बाजपेई ने सदन को विश्वविद्यालय की विगत एक वर्ष की उपलब्धियों से अवगत कराया।

उन्होंने एकेडमिक सुधारों, इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट और छात्र हितों के लिए उठाए गए कदमों की विस्तार से जानकारी दी। कुलपति के संबोधन का सीनेट सदस्यों ने करतल ध्वनि से स्वागत किया और विश्वविद्यालय की प्रगति पर संतोष व्यक्त किया।

वित्तीय परामर्शी इंद्र कुमार द्वारा प्रस्तुत इस बजट को कुल ग्यारह खंडों में विभाजित किया गया है। बजट के अनुसार कुल प्रस्तावित व्यय 9,13,42,76,742 रुपए, आंतरिक स्रोतों से अनुमानित आय 70,13,25,746 रुपए, राज्य सरकार से मांग 8,43,29,50,996 रुपए की मांग की गई है, बजट में शिक्षकों व कर्मचारियों के वेतन, पेंशन, आधारभूत संरचना और शोध कार्यों पर विशेष बल दिया गया है। बैठक में साइंस डीन प्रो केपी श्रीवास्तव ने शैक्षणिक व्यवस्था को सुदृढ़ करने हेतु एकेडमिक, परीक्षा, स्पोर्ट्स और सांस्कृतिक कैलेंडर को सख्ती से लागू करने का प्रस्ताव रखा, जिसे सर्वसम्मति से स्वीकार किया गया। इसके साथ ही, 5 मई 2026 को संपन्न हुई विद्वत परिषद और सिंडिकेट की बैठकों के प्रस्तावों को भी सदन ने अपनी मंजूरी दी। बैठक में विधान पार्षद प्रो वीरेंद्र नारायण यादव, आफाक आलम और छपरा विधि मंडल के अध्यक्ष रविरंजन प्रसाद सिंह ने विश्वविद्यालय की कार्यप्रणाली से जुड़े कई महत्वपूर्ण प्रश्न उठाए।

कुलपति ने सभी बिंदुओं पर उत्तर दिए। कुलसचिव प्रो नारायण दास ने कार्यवृत्त को सदन के समक्ष रखा, जबकि डीएसडब्ल्यू प्रो राणा विक्रम सिंह और दूरस्थ शिक्षा निदेशक प्रो अजित कुमार तिवारी ने विकास प्रतिवेदन प्रस्तुत किया। अंत में, महाविद्यालय निरीक्षक प्रो उदय अरविंद ने धन्यवाद ज्ञापन किया। इस अवसर पर विभिन्न संकायों के अध्यक्ष, विभागाध्यक्ष, और प्राचार्य सहित सीनेट के सदस्य उपस्थित रहे।

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हिन्दुस्थान समाचार / धनंजय कुमार