पर्यावरण और विकास के बीच संतुलन स्थापित करने के लिए महाराष्ट्र में 300 करोड़ वृक्षारोपण का लक्ष्य : मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस
मुंबई, 08 मार्च (हि.स.)। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने रविवार को मुंबई में कहा कि महाराष्ट्र में पर्यावरण संरक्षण और विकास के बीच संतुलन बनाए रखने के लिए राज्य सरकार ने 300 करोड़ (3 अरब) वृक्षारोपण का संकल्प लिया गया है। इसे पूरा करने के लिए विज्ञ
पर्यावरण और विकास के बीच संतुलन स्थापित करने के लिए महाराष्ट्र में 300 करोड़ वृक्षारोपण का लक्ष्य : मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस


मुंबई, 08 मार्च (हि.स.)। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने रविवार को मुंबई में कहा कि महाराष्ट्र में पर्यावरण संरक्षण और विकास के बीच संतुलन बनाए रखने के लिए राज्य सरकार ने 300 करोड़ (3 अरब) वृक्षारोपण का संकल्प लिया गया है। इसे पूरा करने के लिए विज्ञान व प्रौद्योगिकी के आधार पर व्यापक कार्यक्रम चलाया जाएगा

मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस रविवार को मुंबई के होटल सहारा में नानाजी देशमुख प्रतिष्ठान और अमेनिटी ट्री केयर फाउंडेशन द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित दूसरे अंतरराष्ट्रीय आर्बोरिकल्चर सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर नानाजी देशमुख प्रतिष्ठान के अध्यक्ष संजय पांडे, मुख्य कार्यकारी अधिकारी आर्यन पांडे, अमेनिटी ट्री केयर फाउंडेशन के वैभव राजे सहित संबंधित गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे। मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा कि राज्य में वन और वृक्ष आवरण बढ़ाने के लिए मिशन मोड में 300 करोड़ वृक्षारोपण का कार्यक्रम चलाया जाएगा और पर्यावरणीय संतुलन बनाए रखते हुए सतत विकास प्राप्त करना राज्य सरकार की नीति है। आज के दौर में विकास और पर्यावरण संरक्षण के बीच कोई संघर्ष नहीं है, बल्कि दोनों को साथ लेकर आगे बढ़ाना समय की आवश्यकता है। राज्य का विकास आवश्यक है, लेकिन पर्यावरण संरक्षण के साथ किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जा सकता। मुख्यमंत्री फडणवीस ने ने स्पष्ट किया कि सतत विकास और पर्यावरणीय संतुलन आज की प्रमुख नीति है। महाराष्ट्र के इस वर्ष के बजट में राज्यभर में बड़े पैमाने पर वृक्षारोपण की घोषणा की गई है। वर्तमान में राज्य में वृक्ष और वन क्षेत्र का प्रतिशत लगभग 23 प्रतिशत है, जिसे बढ़ाकर कम से कम 33 प्रतिशत करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके लिए लगभग 250 करोड़ वृक्षों की आवश्यकता होगी, लेकिन सुरक्षा और दीर्घकालिक सफलता को ध्यान में रखते हुए 300 करोड़ वृक्षारोपण का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। उन्होंने कहा कि यह वृक्षारोपण केवल संख्या तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि इसका वास्तविक प्रभाव दिखाई दे इसके लिए पूरे अभियान की वैज्ञानिक योजना बनाई जाएगी। इसमें जलवायु, मिट्टी, स्थानीय परिस्थितियों और दीर्घकालिक टिकाऊपन को ध्यान में रखा जाएगा। पर्यावरण क्षेत्र में काम करने वाले विशेषज्ञों, शोधकर्ताओं और स्टार्टअप्स को भी इस अभियान में शामिल किया जाएगा। इस क्षेत्र के स्टार्टअप्स के लिए जल्द ही एक अलग सम्मेलन भी आयोजित किया जाएगा।

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हिन्दुस्थान समाचार / राजबहादुर यादव