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उज्जैन , 08 मार्च (हि.स.)। मध्य प्रदेश के उज्जैन की विक्रम उद्योगपुरी के फेज 2 में एल्केम लेबोरेटरीज द्वारा एक हजार करोड़ रू. का निवेश किया जा रहा है। यह फैक्ट्री 30 एकड़ जमीन पर बनेगी और अत्याधुनिक संसाधनों से दवाईयों का निर्माण होगा। मध्य प्रदेश औद्योगिक विकास निगम का दावा है कि फैक्ट्री का संचालन प्रारंभ होने के बाद 2 हजार से अधिक युवाओं को नौकरी मिलेगी।
मध्य प्रदेश औद्योगिक विकास निगम,उज्जैन के कार्यकारी निदेशक राजेश राठौर ने रविवार को बताया कि विक्रम उद्योगपुरी फेज-2 औद्योगिक क्षेत्र में विश्वस्तरीय कंपनी एल्केम लेबोरेट्रीज़ लिमिटेड के आने से स्थानीय स्तर पर रोजगार,व्यापार और आर्थिक गतिविधियों में वृद्धि होगी। एल्केम लेबोरेट्रीज़ द्वारा स्थापित होने वाली इस इकाई में टैबलेट, कैप्सूल और इंजेक्शन उत्पादों का निर्माण होगा। इस परियोजना से परिवहन, पैकेजिंग,सप्लाई चेन और अन्य सहायक गतिविधियों के माध्यम से अप्रत्यक्ष रोजगार भी बढ़ेंगे। इससे आसपास के क्षेत्रों की आर्थिक गतिविधियों में भी तेजी आएगी। उज्जैन शहर, प्रदेश के प्रमुख औद्योगिक केंद्रों में शामिल हो जायेगा। उन्होने बताया कि फेज-2 को 488 हेक्टेयर से अधिक क्षेत्रफल में विकसित किया जा रहा है,जोकि आधुनिक सुविधाओं से युक्त होगा। इसमें औद्योगिक इकाइयों के लिए 382 हेक्टेयर जमीन है, जिसमें औद्योगिक इकाइयों को सैकड़ों भूखंड उपलब्ध कराए जाएंगे।
फेज-2 का विकास कार्य प्रारंभराजेश राठौर ने बताया कि विक्रम उद्योगपुरी फेज 2 में विकास कार्य प्रारंभ किया जा रहा है,जिनकी लागत करीब 455 करोड़ रु. आएगी। विकास कार्यों को शुरू करने के लिए डीएमआईसी विक्रम उद्योगपुरी लि.के बोर्ड से स्वीकृति मिल चुकी है। यहां सडक़ों का निर्माण, स्ट्रीट लाइट, स्टॉर्म वाटर ड्रेन का निर्माण किया जाएगा। स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने के लिए वाटर ट्रांसमिशन एवं डिस्ट्रीब्यूशन नेटवर्क विकसित किया जाएगा। पानी के भंडारण के लिए एलिवेटेड सर्विस रिजऱवॉयर का निर्माण किया जाएगा। सीवेज कलेक्शन नेटवर्क के साथ सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट स्थापित किया जाएगा। बिजली आपूर्ति को सुदृढ़ बनाने के लिए 33 केवी और 11 केवी विद्युत लाइन तथा सबस्टेशन बनाए जाएंगे। ठोस कचरे के उचित निस्तारण के लिए सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट यूनिट विकसित की जाएगी। सूचना एवं संचार तकनीक से जुड़ी सुविधाएं, बाउंड्री वॉल तथा लैंडस्केपिंग कार्य भी किए जाएंगे।
उल्लेखनीय है कि विक्रम उद्योगपुरी फेज 1 को करीब 773 एकड़ में विकसित किया गया है। फेज 1 में सभी 109 भूखंड आवंटित हो चुके हैं। इसे देखते हुए फेज 2 लाया गया है,जिसमें कई बड़ी कंपनियों के आवेदन आ चुके हैं। इसी का एक हिस्सा मेडिकल डिवाइस पार्क है, जो 360 एकड़ पर विकसित किया गया है।
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हिन्दुस्थान समाचार / ललित ज्वेल