धमतरी : बलियारा में गहराया पेयजल संकट, ग्रामीण परेशान
-वार्ड क्रमांक नौ और 10 के में पेयजल की ज्यादा समस्या धमतरी, 05 जनवरी (हि.स.)। धमतरी शहर से लगे ग्राम पंचायत बलियारा में इन दिनों पेयजल संकट गहराता जा रहा है। खासकर वार्ड क्रमांक नौ और 10 में स्थिति अत्यंत गंभीर हो गई है, जहां लोगों को पीने के
कलेक्ट्रेट में समस्या बताते हुए ग्राम बलियारा के ग्रामीण।


-वार्ड क्रमांक नौ और 10 के में पेयजल की ज्यादा समस्या

धमतरी, 05 जनवरी (हि.स.)। धमतरी शहर से लगे ग्राम पंचायत बलियारा में इन दिनों पेयजल संकट गहराता जा रहा है। खासकर वार्ड क्रमांक नौ और 10 में स्थिति अत्यंत गंभीर हो गई है, जहां लोगों को पीने के पानी के लिए दिनभर भटकना पड़ रहा है। बीते दो माह से अधिक समय से दोनों वार्डों में पर्याप्त जल आपूर्ति नहीं हो पा रही है, जिससे आम जनजीवन प्रभावित हो गया है। मजबूरी में ग्रामीण निजी बोर के सहारे पानी की व्यवस्था कर रहे हैं, लेकिन यह सभी के लिए संभव नहीं हो पा रहा है। साेमवार काे कलेक्ट्रेट पहुंचकर ग्रामीणाें ने समस्या बताई।

ग्रामीणों ने आज साेमवार काे बताया कि वार्ड क्रमांक नौ और 10 में लगभग 20 वर्ष पूर्व स्थापित हैंडपंप पिछले चार-पांच वर्षों से जलस्तर गिरने के कारण सुचारू रूप से कार्य नहीं कर पा रहा था। पूर्व पंचायत द्वारा इन हैंडपंपों पर मोटर पंप लगाकर पेयजल की वैकल्पिक व्यवस्था की गई थी, जिससे लोगों को राहत मिल रही थी। ग्रामीणों का आरोप है कि वर्तमान पंचायत के सरपंच एवं उप सरपंच द्वारा बिना पंचायत प्रस्ताव के मोटर पंप निकाल दिए गए और पुनः पुराने हैंडपंप चालू कर दिए गए, जिनसे अब गंदा और दूषित पानी निकल रहा है। ग्रामीणों ने इस समस्या की जानकारी ग्राम पंचायत को कई बार दी, लेकिन अब तक कोई ठोस पहल नहीं की गई। दूषित पानी के उपयोग से संक्रामक बीमारियों के फैलने की आशंका बनी हुई है, जिससे ग्रामीणों में भय का माहौल है। इसी को लेकर ग्रामीणों ने आज कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर दोनों वार्डों में तत्काल स्वच्छ पेयजल व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की। समस्या बताने वालों में नंदाबाई, सुशीला, रेखा, नरेश, यशोदा, तुलसी, अनूपा, सोनबती, गायत्री, सीताबाई, मीणा, हिमेश्वरी, ढेला बाई सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण शामिल हैं।

दूर-दराज के घरों से ला रहे पानी

ग्रामीण महिला गुंजा यादव, सुशीला बाई, सुहागा बाई, हेमा बाई, निलेश्वरी सीमा कंवर एवं मीरा बाई ने बताया कि बलियारा में पेयजल की समस्या अत्यंत गंभीर हो चुकी है। कई घरों में एक बूंद पानी नहीं पहुंच पा रहा है, जिसके चलते महिलाओं को सुबह-शाम दूर-दराज के घरों से पानी लाने में लंबा समय बिताना पड़ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि वार्ड क्रमांक नौ और 10 दोनों ही गंभीर रूप से प्रभावित हैं। सुबह और शाम का अधिकांश समय पानी की व्यवस्था में ही बीत जाता है।

नल-जल योजना पूरी तरह से फ्लाप

ग्रामीण रामकुमार, जीवन लाल, नीलम साहू ने कहा कि गांव में संचालित नल-जल योजना पूरी तरह से फ्लाप हो चुकी है। विभागीय कर्मचारियों द्वारा गांव में लगे कई हैंडपंप उखाड़कर ले जाने से स्थिति और भी बिगड़ गई है। हैंडपंपों के अभाव में ग्रामीणों को दूर-दूर से पानी ढोकर लाना पड़ रहा है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि दोनों वार्डों में शीघ्र वैकल्पिक पेयजल व्यवस्था, हैंडपंपों की मरम्मत, मोटर पंप की पुनः स्थापना अथवा टैंकर के माध्यम से अस्थायी जल आपूर्ति सुनिश्चित की जाए, ताकि लोगों को इस भीषण संकट से राहत मिल सके।

हिन्दुस्थान समाचार / रोशन सिन्हा