Enter your Email Address to subscribe to our newsletters

- अंतरविभागीय समन्वय बैठक में हुई प्राथमिकता वाले कार्यक्रमों व योजनाओं की समीक्षा
ग्वालियर, 05 जनवरी (हि.स.)। मध्य प्रदेश के ग्वालियर में कलेक्टर रुचिका चौहान ने सोमवार को अंतरविभागीय समन्वय बैठक में जिला शिक्षा अधिकारी व डीपीसी को निर्देश दिए कि जिले के सरकारी स्कूलों की मरम्मत व सुदृढ़ीकरण का काम पूरी गुणवत्ता व तेजी के साथ पूर्ण कराएं। जिन स्कूलों की मरम्मत कराई जा रही है उनकी सूची विधायकों सहित स्थानीय जनप्रतिनिधियों को उपलब्ध कराएं। बैठक में बताया गया कि जिला प्रशासन द्वारा भेजे गए प्रस्ताव के आधार पर राज्य शासन द्वारा ग्वालियर जिले के 98 स्कूलों की मरम्मत के लिये धनराशि उपलब्ध कराई गई है।
कलेक्टर ने मरम्मत कार्य का फोटो सहित प्रजेंटेशन बैठक में देखा। बैठक में सीएम हैल्पलाइन, युवा दिवस 12 जनवरी को आयोजित होने जा रहे सामूहिक सूर्य नमस्कार की तैयारी, एमपी ई-सेवा पोर्टल, आंगनबाड़ी भर्ती प्रक्रिया, शुद्ध पेयजल की आपूर्ति व पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग की बस्ती विकास योजना सहित सरकार की प्राथमिकता वाली योजनाओं व कार्यक्रमों की समीक्षा की गई। बैठक में तय किया गया कि 12 जनवरी को सामूहिक सूर्य नमस्कार का आयोजन हजीरा क्षेत्र में स्थित शिक्षा नगर स्कूल परिसर में किया जायेगा। कलेक्टर रुचिका चौहान ने जिला शिक्षा अधिकारी को अभी से सामूहिक सूर्य नमस्कार का अभ्यास व शिक्षा नगर स्कूल में सभी व्यवस्थायें सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। अंतरविभागीय समन्वय बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी सोजान सिंह रावत, अपर जिला दण्डाधिकारी सीबी प्रसाद, जिले के एसडीएम, संयुक्त कलेक्टर एवं विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद थे।
सीएम हैल्पलाइन : कर्मठ का किया सम्मान और उदासीनता पर किया आगाह कलेक्टर रुचिका चौहान ने सीएम हैल्पलाइन की शिकायतों का अच्छा निराकरण कर रहे अधिकारी-कर्मचारियों को प्रोत्साहित किया। साथ ही जिन अधिकारियों – कर्मचारियों द्वारा निराकरण में ढिलाई बरती जा रही है उन्हें आगाह किया। उन्होंने समयबद्ध व गुणवत्तापूर्ण निराकरण के लिये योजना एवं सांख्यिकी विभाग के खण्ड स्तरीय अन्वेषक संतोष सिंह दीवान को प्रशंसा पत्र देकर सम्मानित किया। साथ ही जिन अधिकारियों द्वारा एल-1 व एल-2 स्तर पर शिकायतें अटेंड नहीं की जा रही हैं अथवा शिकायतों का समय-सीमा में निराकरण नहीं किया जा रहा है उनका वेतन काटने के लिये कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने जोर देकर कहा कि 50 दिवस से अधिक अवधि से लंबित शिकायतों का निराकरण सभी अधिकारी अभियान बतौर करें।
अस्पतालों व छात्रावासों के पुराने आरओ बदलेंकलेक्टर ने बैठक में निर्देश दिए कि जिले के सभी शासकीय अस्पतालों व छात्रावासों में शुद्ध पेयजल की आपूर्ति में कोई ढ़िलाई न हो। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि पुराने आरओ (वाटर प्यूरीफायर) बदलने का काम भी साथ-साथ में किया जाए। साथ ही एवं पेयजल स्त्रोतों के पानी की जांच व क्लोरीनेशन भी लगातार करते रहें। जिन छात्रावासों में पेयजल लाइन से जल आपूर्ति होती है उन पेयजल लाइनों का भी बारीकी से निरीक्षण कराया जाए। कलेक्टर ने पानी की टंकियों की साफ-सफाई निर्धारित शेड्यूल के तहत कराने पर भी विशेष जोर दिया।
नौकरी दिलाने वालों के झांसे में न आएं,मैरिट के आधार पर होगी आंगनबाड़ियों में भर्ती ग्वालियर जिले की विभिन्न बाल विकास परियोजनाओं में आंगनवाड़ी कार्यकर्ता एवं आंगनवाड़ी सहायिका के रिक्त पदों की पूर्ति के लिए भर्ती प्रक्रिया प्रचलन में है। जिले में 40 आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं व 65 आंगनवाड़ी सहायिकाओं की भर्ती की जानी है। कलेक्टर ने बैठक में जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला बाल विकास को निर्देश दिए कि इस बात का व्यापक प्रचार-प्रसार करें कि भर्ती प्रक्रिया मैरिट के आधार पर होगी। कोई भी व्यक्ति आंगनबाड़ी में नौकरी दिलाने वालों के झांसे में न आए। यदि कोई व्यक्ति नौकरी दिलाने की कहे तो उसकी शिकायत करें, ऐसे लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जायेगी। बैठक में जानकारी दी गई कि भर्ती की प्रक्रिया पूरी पारदर्शिता के साथ एमपी ऑनलाईन द्वारा निर्मित चयन पोर्टल के माध्यम से पूरी की जाएगी। इच्छुक एवं पात्र अभ्यर्थी पोर्टल पर ऑनलाईन आवेदन कर सकते हैं। चयन पोर्टल के माध्यम से ऑनलाईन आवेदन पत्र 31 दिसम्बर 2025 से 10 जनवरी 2026 तक भरे जा सकेंगे। आवेदन पत्र में त्रुटि सुधार की अंतिम तिथि 12 जनवरी 2026 निर्धारित की गई है। एमपी ई-सेवा एप स्वयं डाउनलोड करें और अन्य लोगों को भी कराएं कलेक्टर ने बैठक में मौजूद सभी अधिकारियों को स्वयं अपने मोबाइल फोन में एमपी ई-सेवा एप डाउनलोड करने एवं अधीनस्थ शासकीय सेवकों सहित अन्य नागरिकों को भी यह एप डाउनलोड कराने के निर्देश दिए।
मोबाइल एप गूगल प्ले स्टोर और एप स्टोर से आसानी से डाउनलोड किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि विभिन्न शासकीय विभागों के माध्यम से संचालित नागरिक केन्द्रित सेवाएं अब एक ही प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध हैं। राज्य शासन द्वारा आम जन के लिये सरल, पारदर्शी व त्वरित ऑनलाइन सेवा शुरू की गई है। यह सेवायें एमपी ई-सेवा पोर्टल www.eseva.mp.gov.in एवं मोबाइल एप के माध्यम से प्राप्त की जा सकती हैं।
हिन्दुस्थान समाचार / मुकेश तोमर