अनूपपुर: मंत्री निवास घेरने पहुंचे कांग्रेसी, पुलिस से झड़प वाटर कैनन चला किया तिरबितर
अनूपपुर, 04 जनवरी (हि.स.)। मध्य प्रदेश के अनूपपुर में इंदौर के भागीरथपुरा क्षेत्र में दूषित पानी की आपूर्ति से हुई मौतों और बीमारियों के विरोध में कांग्रेस ने रविवार को बिजुरी नगर पालिका में प्रदर्शन किया। जो बिजुरी नगर में स्थित मप्र के कुटीर एवं
मंत्री निवास में कांग्रेस की रैली जाती हुई


कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार करती पुलिस


अनूपपुर, 04 जनवरी (हि.स.)। मध्य प्रदेश के अनूपपुर में इंदौर के भागीरथपुरा क्षेत्र में दूषित पानी की आपूर्ति से हुई मौतों और बीमारियों के विरोध में कांग्रेस ने रविवार को बिजुरी नगर पालिका में प्रदर्शन किया। जो बिजुरी नगर में स्थित मप्र के कुटीर एवं ग्रामोद्योग मंत्री दिलीप जायसवाल के आवास के निकट तक पहुंचा। जिसे पुलिस ने मंत्री आवास से लगभग 200 मीटर पहले ही रोक दिया। इस दौरान प्रदर्शनकारी मंत्री निवास के सामने जोर जोर से बजाया घंटा और भाजपा सरकार खिलाफ तथा पुलिस के खिलाफ नारेबाजी की। पूर्व विधायक सुनील सराफ ने भाजपा नेताओं पर संवेदनहीनता का आरोप लगाया।

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी के आह्वान पर पूरे प्रदेश भर में रविवार को कांग्रेसियों ने भाजपा सरकार के मंत्री, सांसद, विधायकों एवं पूर्व विधायकों के निवास के सामने घंटा/घड़ियाल बजाकर विरोध प्रदर्शन के आवाह्न पर बिजुरी नगर पालिका में प्रदर्शन किया। प्रदर्शन हनुमान मंदिर चौराहे से शुरू हुआ और रैली के रूप में मंत्री आवास के पास पहुंचा। कार्यकर्ताओं ने मंत्री आवास तक पहुंचने का प्रयास किया, जिससे पुलिस और उनके बीच धक्का-मुक्की हुई। स्थिति बिगड़ने पर पुलिस ने कार्यकर्ताओं को तितर-बितर करने के लिए वाटर कैनन का भी इस्तेमाल किया और उन्हें रेलवे फाटक स्टेट बैंक तिराहे के पास से हटाया। इसके बाद पुलिस ने कई कार्यकर्ताओं को पीसीआर वैन में भरकर बिजुरी थाना परिसर ले गई। यहां भी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने पुलिस के खिलाफ प्रदर्शन जारी रखा। शाम को पुलिस ने औपचारिक गिरफ्तारी के बाद लगभग आधा दर्जन कार्यकर्ताओं को रिहा कर दिया।

प्रदर्शन में हुए शामिल

प्रदर्शन में कोतमा के पूर्व विधायक सुनील सराफ, पुष्पराजगढ़ विधायक फुंडेलाल सिंह मार्को, जिला कांग्रेस अध्यक्ष गुड्डू चौहान, कोतमा ब्लॉक अध्यक्ष नीलू पाण्डेय, बिजुरी ब्लॉक अध्यक्ष जय कुमार छड़ी,पार्षद विमला पटेल और जिला पंचायत सदस्य रिंकू मिश्रा सहित कोतमा, बिजुरी और राजनगर के कार्यकर्ता मौजूद थे। वक्ताओं ने इंदौर में दूषित पानी से हुई मौतों के लिए नगर निगम और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को जिम्मेदार ठहराया।

हिन्दुस्थान समाचार / राजेश शुक्ला