अंडरपास निर्माण को लेकर ग्रामीणों का विरोध
भागलपुर, 03 जनवरी (हि.स.)। जिले के मधुसुदनपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत कंजिया बाईपास स्थित भतोरिया चौक पर बन रहे अंडरपास के निर्माण कार्य को लेकर तनाव की स्थिति उत्पन्न हो गई है। भतोरिया गांव के ग्रामीणों ने शनिवार को निर्माण कार्य को रुकवा दिया। ग्र
ग्रामीणों से बातचीत करते अधिकारी


भागलपुर, 03 जनवरी (हि.स.)। जिले के मधुसुदनपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत कंजिया बाईपास स्थित भतोरिया चौक पर बन रहे अंडरपास के निर्माण कार्य को लेकर तनाव की स्थिति उत्पन्न हो गई है।

भतोरिया गांव के ग्रामीणों ने शनिवार को निर्माण कार्य को रुकवा दिया। ग्रामीण अंडरपास निर्माण को लेकर अपनी विभिन्न समस्याओं और आशंकाओं को लेकर नाराज थे और उन्होंने मौके पर पहुंचकर काम बंद करा दिया। देखते ही देखते बड़ी संख्या में ग्रामीण वहां जमा हो गए, जिससे अफरा-तफरी का माहौल बन गया।

निर्माण कार्य रुकने की सूचना मिलते ही जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन हरकत में आ गया मौके पर भागलपुर के एसडीएम विकास कुमार, डीएसपी-2 राकेश कुमार, नाथनगर थाना अध्यक्ष राजीव रंजन, मधुसुदनपुर थाना अध्यक्ष मोहम्मद सफदर अली के साथ वज्र टीम पहुंची।

अधिकारियों ने स्थिति का जायजा लिया और ग्रामीणों से बातचीत शुरू की।‌ ग्रामीणों का कहना था कि अंडरपास निर्माण के कारण उन्हें आवागमन, व्यवसाय और सुरक्षा से जुड़ी परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है। कुछ ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि निर्माण से पहले उनकी समस्याओं को गंभीरता से नहीं सुना गया। वहीं प्रशासनिक अधिकारियों ने ग्रामीणों को समझाया कि अंडरपास का निर्माण जनहित को ध्यान में रखते हुए किया जा रहा है। इससे भविष्य में यातायात व्यवस्था सुगम होगी तथा दुर्घटनाओं में कमी आएगी। एसडीएम विकास कुमार ने मौके पर मौजूद ग्रामीणों को भरोसा दिलाया कि उनकी सभी आपत्तियों और सुझावों को संबंधित विभाग तक पहुंचाया जाएगा और नियमों के तहत समाधान निकालने का प्रयास किया जाएगा।

उन्होंने लोगों से शांति बनाए रखने और कानून व्यवस्था में सहयोग करने की अपील की। डीएसपी-2 राकेश कुमार ने भी स्पष्ट किया कि किसी को कानून अपने हाथ में लेने की अनुमति नहीं दी जा सकती है। प्रशासन की समझाने के बावजूद कुछ लोग लगातार हंगामा कर रहे थे। ऐसे में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से दो से तीन लोगों को हिरासत में लेकर थाने लाया गया। इसके बाद मौके पर स्थिति धीरे-धीरे सामान्य हो गई और भीड़ छंटने लगी।

वज्र टीम की मौजूदगी के कारण किसी भी तरह की अप्रिय घटना नहीं हुई। फिलहाल प्रशासन पूरे मामले पर नजर बनाए हुए है। अधिकारियों का कहना है कि ग्रामीणों से संवाद जारी रहेगा और उनकी समस्याओं को प्राथमिकता के आधार पर सुलझाने का प्रयास किया जाएगा। वहीं स्थानीय लोगों में यह चर्चा बनी हुई है कि प्रशासन और ग्रामीणों के बीच बेहतर समन्वय से ही ऐसे विकास कार्यों को सुचारू रूप से पूरा किया जा सकता है।

अंडरपास निर्माण को लेकर उत्पन्न इस विवाद ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि विकास परियोजनाओं में स्थानीय लोगों की सहभागिता और संवाद कितना जरूरी है। प्रशासन का दावा है कि जनहित सर्वोपरि है, वहीं ग्रामीण भी अपनी समस्याओं के समाधान की मांग पर अड़े हुए हैं।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / बिजय शंकर