Enter your Email Address to subscribe to our newsletters

जगदलपुर, 11 जनवरी (हि.स.)। बस्तर जिले में स्कूली बच्चों के सुरक्षित सफर को सुनिश्चित करने और उच्चतम न्यायालय के दिशा-निर्देशों का अक्षरशः पालन कराने के उद्देश्य से प्रशासन ने नए साल की शुरुआत में ही सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं। इसी दिशा में परिवहन विभाग द्वारा आड़ावाल स्थित क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय परिसर में बीते 9 और 10 जनवरी को दो दिवसीय सघन जांच शिविर का आयोजन किया गया । परिवहन आयुक्त छत्तीसगढ़ के निर्देशों के तहत संचालित इस अभियान का मुख्य लक्ष्य सड़कों पर दौड़ने वाली स्कूल बसों की तकनीकी स्थिति और उनमें मौजूद सुरक्षा मानकों की बारीकी से पड़ताल करना था।
जगदलपुर के यातायात पुलिस से आज रविवार काे मिली जानकारी के मुताबिक इस जांच प्रक्रिया को पारदर्शी और प्रभावी बनाने के लिए परिवहन विभाग ने नगर सेना के जिला अग्निशमन अधिकारी के साथ मिलकर एक संयुक्त टीम का गठन किया था । इस समन्वित प्रयास के दौरान जिले के विभिन्न शैक्षणिक संस्थानों की कुल 69 स्कूल बसों की गहन जांच की गई। निरीक्षण के दौरान टीम ने बसों की तकनीकी फिटनेस के साथ-साथ आपातकालीन सुरक्षा उपकरणों को विशेष रूप से परखा । जांच में पाया गया कि 10 स्कूल बसों में लगे अग्निशमन यंत्रों की वैधता समाप्त हो चुकी थी। सुरक्षा मानकों में इस गंभीर लापरवाही को देखते हुए विभाग ने तत्काल कार्रवाई की और सभी संबंधित दस वाहनों पर जुर्माना अधिरोपित कर भविष्य में पुनरावृत्ति नहीं करने की चेतावनी दी गई । प्रशासन ने इस चूक को गंभीरता से लेते हुए संबंधित स्कूल बस संचालकों को कड़े निर्देश दिए हैं कि वे निर्धारित समयावधि के भीतर इन अग्निशमन यंत्रों की रिफिलिंग कराकर विभाग को अनिवार्य रूप से सूचित करें। सभी स्कूल संचालकों को सख्त हिदायत दी गई है कि वे भविष्य में भी सुरक्षा मानकों का पूर्णतः पालन सुनिश्चित करें।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / राकेश पांडे