पेरियार की पवित्र भूमि पर काम नहीं करेगा माेदी का नाटक: स्टालिन
चेन्नई (तमिलनाडु), 31 मार्च (हि.स.)। तमिलनाडु के मुख्यमंत्री और द्रमुक अध्यक्ष एमके स्टालिन ने भारती
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री और द्रमुक अध्यक्ष एमके स्टालिन


चेन्नई (तमिलनाडु), 31 मार्च (हि.स.)। तमिलनाडु के मुख्यमंत्री और द्रमुक अध्यक्ष एमके स्टालिन ने भारतीय जनता पार्टी और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पर अपना हमला करते हुए कहा कि भाजपा की धार्मिक विभाजन राजनीति और मोदी का नाटक तमिलनाडु में काम नहीें करेगा।

मुख्यमंत्री स्टालिन सलेम जिले के पेथानाइकनपालयम में एक सार्वजनिक बैठक को संबोधित कर रहे थे। स्टालिन ने अपनी पार्टी के उम्मीदवार टी एम सेल्वगणपति (सलेम) और टी मलैयारासन (कल्लाकुरिची) के लिए प्रचार किया। उन्होंने कहा कि 'मोदी मस्तान वेला' (एक तमिल वाक्यांश जिसका अर्थ है, रणनीति या नौटंकी) तमिलनाडु में काम नहीं करेगी। स्टालिन ने कहा कि तमिलनाडु तर्कवादी नेता और द्रविड़ कड़गम के संस्थापक पेरियार ईवी रामासामी की पोषित एक पवित्र भूमि है। यहां भाजपा की धार्मिक विभाजन की राजनीति के लिए कोई जगह नहीं है।

सलेम में चुनाव प्रचार के दौरान मोदी के वक्तव्य, तमिलनाडु में भाजपा के लिए जनसमर्थन की लहर देखकर डीएमके की नींद उड़ गई है, को याद करते हुए स्टालिन ने कहा कि पेट्रोल, डीजल और एलपीजी सिलेंडर की कीमतें बढ़ने के बाद महिलाओं और आम लोगों की नींद उड़ गई है। बेरोजगारी से युवा परेशान हैं, किसान व मजदूर परेशान, जीएसटी से छोटे व्यापारी परेशान हैं। अब चुनावी बांड घोटाले से मोदी की नींद उड़ गई है।

स्टालिन ने प्रधानमंत्री पर प्रहार करते हुए कहा कि एक दशक तक केन्द्र में सरकार चलाने वाले मोदी ने लोगों में अशांति पैदा कर दी। अगर कोई विपक्षी सांसद मोदी के खिलाफ सवाल उठाए तो सीबीआई उसके परिसरों की तलाशी लेती है। कुछ अखबारों में आलोचना के बाद भी कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है। उन्होंने कहा कि ईडी, सीबीआई और आईटी जैसी केंद्रीय एजेंसियों को सहयोगी के रूप में इस्तेमाल करने वाले प्रधानमंत्री लोकसभा चुनाव परिणाम से डरे हुए हैं। भाजपा 'जमा' वोट पाने के लिए काम कर रही है।

स्टालिन ने कहा कि चक्रवात और बाढ़ आपदाओं के लिए केन्द्र से धन आवंटित न करने पर मोदी से सवाल किये। उन्होंने 10 वर्ष से मदुरै के एम्स के अधूरे पड़े काम को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि भाजपा का नाटक तमिलनाडु में काम नहीं करेगा, चाहे वह राज्य में सौ बार चुनाव लड़ लें।

बाद में, स्टालिन ने धर्मपुरी की सार्वजनिक बैठक में भाजपा के साथ संबंधों के लिए पट्टाली मक्कल काची (पीएमके) के संस्थापक एस रामदास पर भी निशाना साधा। स्टालिन ने कहा कि वह सामाजिक न्याय की विचारधारा को दफन कर देंगे। मुख्यमंत्री ने अपनी सरकार की उपलब्धियों को भी विस्तार से गिनाया।

हिन्दुस्थान समाचार/ चौधरी//सुनील