बागेश्वर बिलौना में करोड़ों की लागत से बना रोडवेज बस अड्डा बदहाल
बागेश्वर, 25 मई (हि.स)। जनपद में लोगों की लंबे से समय से मांग के बाद करोड़ों से बिलौना में बस अड्डे
Bageshwar


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बागेश्वर, 25 मई (हि.स)। जनपद में लोगों की लंबे से समय से मांग के बाद करोड़ों से बिलौना में बस अड्डे का लोकार्पण पूर्व मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने किया था। हालांकि शुभारंभ बस अड्डे के रूप में किया गया था। इसका संचालन तो हो गया पर अभी भी अड्डे में बसें खड़ी नही होती हैं। मात्र दो बस ही स्टेशन में रुकती हैं। कर्मचारियों की कमी से स्टेशन बदहाल होने लगा है।

बागेश्वर बिलौना में बनाया गया उत्तराखंड परिवहन निगम का बस अड्डे के लिए प्रस्तावित 2 करोड़ 88 लाख के भवन को स्टेशन के रूप में संचालित किया जा रहा है। 2020 में पूर्व मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने इसका लोकार्पण किया। यहां पर मात्र दो कर्मचारी तैनात हैं। कोविड काल में इसका उपयोग स्टेजिंग एरिया के रूप में किया गया।

लोकार्पण के बाद मानो ऐसा लगता है कि प्रदेश सरकार इसे भूल गयी हो वर्तमान में यहां पर रोडवेज की केवल दो बसें आती हैं। एक बरेली बागेश्वर तो दूसरी देहरादून बागेश्वर।

देखरेख के अभाव में भवन के कई हिस्सों में दरारें पड़ गयीं हैं और सीलन से प्लास्टर उखड़ रहा है, जिससे कार्यदायी संस्था के कार्य की गुणवत्ता पर समय-समय पर सवाल उठते रहते हैं। बस स्टेशन में देखरेख की इतनी कमी है कि जगह जगह घास उग आयी है। शौचालयों के नलों में जंग लग चुका है।

स्टेशन इंचार्ज खष्टी बल्लभ उपाध्याय ने बताया कि स्टेशन में अभी मात्र दो बसें ही रुक हो रही हैं। बाकी बसें बाजार से ही जाती हैं। उन्होंने कहा कि सुबह और शाम दो लोग यहां रहते है। कर्मचारियों की कमी से काम प्रभावित होता है। बागेश्वर विधायक चंदन राम दास के परिवहन मंत्री बनने के बाद बस अड्डे के अपने असली स्वरूप में आने की उम्मीद जग गयी है। हालांकि अब तक मंत्री बनने के बाद अभी तक उन्होंने स्टेशन का निरीक्षण तक नही किया है।

हिंदुस्थान समाचार/लता प्रसाद


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