दुर्लभ प्रजाति के घायल उल्लू को उपचार के बाद वनकर्मियों ने सुरक्षित जंगल में छोड़ा
बगहा,30 नवम्बर(हि.स.)। वाल्मीकि व्याघ्र परियोजना वन प्रमंडल 2 के वाल्मीकिनगर वन क्षेत्र के एम कक्ष स
Ghayal uloo


बगहा,30 नवम्बर(हि.स.)। वाल्मीकि व्याघ्र परियोजना वन प्रमंडल 2 के वाल्मीकिनगर वन क्षेत्र के एम कक्ष संख्या 29 के वन क्षेत्र से सटे (विजयपुर) कर्माबारी गांव निवासी राजेश राम के घर के बगल के बांसवाड़ी में एक बड़ा दुर्लभ प्रजाति के विलुप्त काला रंग के उल्लू को घायल अवस्था में पाया गया।

ग्रामीणों ने बताया कि कौवा के हमले से उल्लू घायल होकर गिर पड़ा था, जिसको ग्रामीणों द्वारा घरेलू उपचार कर कब्जे में लेकर इसकी सूचना वाल्मीकि नगर के वन विभाग को दिया। सूचना को गंभीरता से लेते हुए वाल्मीकि नगर वन क्षेत्र के रेंजर अवधेश प्रसाद सिंह ने वन कर्मियों की टीम को घटनास्थल पर भेज कर घायल काला बड़ा दुर्लभ प्रजाति के विलुप्त उल्लू को अपने कब्जे में लेकर उपचार के बाद सुरक्षित वाल्मीकि व्याघ्र परियोजना के जंगल में छोड़ दिया। गांव के ग्रामीणों ने बताया कि अपने पूरे उम्र में इतना बड़ा उल्लू कभी नहीं देखा था।

हिन्दुस्थान समाचार /अरविंद