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महामृत्युंजय द्वार के समीप ट्रक में लगी आग

By HindusthanSamachar | Publish Date: Apr 13 2019 8:39PM
महामृत्युंजय द्वार के समीप ट्रक में लगी आग
उज्जैन, 13 अप्रैल (हि.स.)। पिछले चार माह से शहरवासी चीख-चीखकर पुलिस और प्रशासन का ध्यान आकर्षित करा रहे थे कि महामृत्युंजय द्वार के समीप मार्ग के दोनों ओर बनाए गए स्पीड ब्रेकर गंभीर घटना को अंजाम दे सकते हैं। तकनीकी रूप से ये स्पीड ब्रेकर नहीं वरन टेपर हैं। जिनसे वाहन गुजरते समय इंजन की चेचिस टकराती है और ईंधन का टेंक तथा सायलेंसर भी रगड़ खाता है। अधिकारियों ने इस ओर ध्यान नहीं दिया और शनिवार सुबह एक बड़ा हादसा टल गया, हालांकि जो कुछ हुआ उसमें जान बची, लेकिन माल की हानि तो हो ही गई। यह है घटनाक्रम शनिवार सुबह करीब 6 बजे महामृत्युंजय द्वार के समीप से गुजर रहे ट्रक का डीजल टेंक वाला हिस्सा स्पीड ब्रेकर बनाम टेपर से टकरा गया। रगड़ इतनी जोरदार थी कि जहां डीजल टेंक फटा वहीं उत्पन्न चिंगारी के कारण डीजल ने आग पकड़ ली। चूंकि ट्रक स्पीड में था इसलिए ट्रक भी कुछ आगे तक जाने के बाद डिवाइडर तोड़ता हुआ ट्रेफिक सिग्नल से टकराया और रूक गया। ट्रेफिक सिग्नल भी क्षतिग्रस्त हुए वहीं टेंक से निकल रही आग की लपटों के कारण ट्रेफिक सिग्नल में लगे इलेक्ट्रॉनिक यंत्र, केबल तथा उसी के ऊपर लगे सीसीटीवी कैमरे और उनकी केबलें जल गई। सूचना मिलने पर यातायात थाना सहित नानाखेड़ा थाना पुलिस मौके पर पहुंची। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार ट्रक के कमानी पत्ते टूट गए थे। ट्रक में आग लगते देख ट्रक ड्रायवर वाहन छोडक़र भाग गया था। नानाखेड़ा थाना पुलिस के अनुसार ट्रक में लोहे के एंगल और सेंटिंग का सामान भरा हुआ था। डीजल टेंक फटने के कारण ट्रक ने आग पकड़ ली थी। उसके चारों पहिए और बॉडी भी जल गई। वहीं सुबह करीब 9 बजे एक बार फिर धूप में तेजी आने के कारण आग लगने लगी। जिसे बुझा दिया गया। लोगों ने बताया कि डीजल टेंक फटने के बाद जब आग लगी तब धमाके की आवाज भी आई। यह संयोग रहा कि उस समय इस फोरलेन पर यातायात बहुत कम था। अन्यथा इस घटना में राह चलते वाहन और लोग प्रभावित हो जाते। शहरवासियों ने की मांग शहरवासियों ने इस घटना के बाद मीडिया के माध्यम से जिला पुलिस और प्रशासन से मांग की कि महामृत्युंजय द्वार के दोनों ओर इस फोरलेन पर बनाए गए टेपरों को तोड़ा जाए। साथ ही तकनीकी अधिकारियों की मदद लेकर स्पीड ब्रेकर बनवाए जाएं ताकि वाहन अपनी गति को काबू में रख सकें वहीं शनिवार सुबह जैसी घटना दोबारा घटित न हो। ज्ञात रहे शहर में अनेक सडक़ों पर लोगों ने मनमाने तरीके से टेपर बना रखे हैं। जिसे वे स्पीड ब्रेकर कहते हैं। यातायात पुलिस के अनुसार मनमर्जी से ऐसे टेपर बनाना अपराध है। वहीं पुलिस अधिकारियों ने स्वीकारा कि लोग स्पीड ब्रेकर का सही मतलब ही नहीं समझते। अपनी दुकान या मकान के सामने वाहनों की आवाजाही रोकने के लिए अपने हिसाब से टेपर बना रहे हैं और स्पीड ब्रेकर नाम दे रहे हैं। हिन्‍दुस्‍थान समाचार/ललित/राजू / मुकेश
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