Hindusthan Samachar
Banner 2 सोमवार, अप्रैल 22, 2019 | समय 13:30 Hrs(IST) Sonali Sonali Sonali Singh Bisht

ग्वालियर की राजनीति में उठा-पटक तेज, अर्गल भाजपा छोड़ कांग्रेस की राह पर

By HindusthanSamachar | Publish Date: Apr 12 2019 8:07PM
ग्वालियर की राजनीति में उठा-पटक तेज, अर्गल भाजपा छोड़ कांग्रेस की राह पर
मुरैना में बसपा का टिकट बदलने की संभावना ग्वालियर, 12 अप्रैल (हि.स.)। ग्वालियर-चंबल संभाग की राजनीति ने पिछले चौबीस घंटे में काफी करवट बदली है। मुरैना संसदीय क्षेत्र से बसपा प्रत्याशी डॉ.रामलखन सिंह की जगह गुर्जर नेता करतार सिंह भड़ाना को टिकट मिलने की खबर है। वहीं भिंड से भाजपा के पूर्व सांसद अशोक अर्गल भी कांग्रेस का टिकट पाने के लिए हाथ से हाथ मिलाने के लिए तैयार दिख रहे हैं। बसपा ने मुरैना से डा. रामलखन सिंह का टिकट दो माह पहले ही घोषित कर दिया था। रामलखन ने मुरैना में अपनी तैयारियां भी शुरू कर दी थीं। इसी बीच खबर आई है कि राजस्थान के बड़े गुर्जर नेता एवं पूर्व सांसद अवतार सिंह भड़ाना के भाई करतार सिंह भड़ाना को बसपा से टिकट मिलने की खबर है। बताया जाता है कि भड़ाना ने पिछले दिनों बसपा के बड़े नेताओं से मुलाकात की थी। मोटी भेंटराशि देने के बाद करतार को टिकट का आश्वासन मिल गया है। इसे लेकर डा.रामलखन सिंह का कहना है कि अभी टिकट हमारा है, पार्टी की ओर से किसी भी प्रकार का संदेश नहीं मिला है। फिर पार्टी जैसा आदेश करेगी, वैसा काम किया जाएगा। मालूम हो कि डा.रामलखन सिंह के चुनाव मैदान में होने से केन्द्रीय मंत्री नरेन्द्र सिंह तोमर को मुरैना में परेशानी हो रही थी। अब करतार सिंह अगर बसपा का टिकट ले आएंगे तो तोमर को चुनाव में आसानी होगी। कभी भी भाजपा छोड़ सकते हैं पूर्व सांसद अर्गल उधर भिंड संसदीय क्षेत्र से भाजपा का टिकट न मिलने से खफा पूर्व सांसद अशोक अर्गल के बारे में चर्चा है कि वे डा. अंबेडकर की जयंती से पहले कभी भी भाजपा छोड़कर बड़ा धमाका कर सकते हैं। इस बारे में अशोक अर्गल ने चर्चा की तो उन्होंने इस्तीफे की बात से खंडन तो नहीं किया लेकिन कांग्रेस में जाने की बात भी नहीं स्वीकारी। उन्होंने सिर्फ इतना कहा, समय का इंतजार करो, सबकुछ सामने आ जाएगा। भाजपा ने भिंड से दिमनी की पूर्व सांसद संध्या राय को चुनाव मैदान में उतारा है। पिछले पन्द्रह दिन से संध्या भिंड झ्रदतिया संसदीय क्षेत्र का भ्रमण भी कर रही है लेकिन कार्यकर्ताओं से सीधा जुड़ाव नहीं बन सका है। ग्वालियर को लेकर अभी भी असमंजस: कांग्रेस खेमे में ग्वालियर को लेकर अभी भी असमंजस की स्थिति है। कांग्रेस से अगर ज्योतिरादित्य सिंधिया या प्रियदर्शनी राजे चुनाव मैदान में नहीं आईं तो पार्टी के वरिष्ठ नेता अशोक सिंह का चुनाव लड़ना तय हैं। हालांकि ग्रामीण जिलाध्यक्ष मोहन सिंह राठौड़ भी लामबंदी कर रहे हैं। मोहन सिंह का कहना है कि अगर उन्हें कहा जाएगा तो वे चुनाव मैदान में जरूर जाएंगे। अशोक सिंह ने इस बारे में कोई टिप्पणी नहीं की है। हिन्दुस्थान समाचार / लाजपत / मुकेश/शंकर
लोकप्रिय खबरें
फोटो और वीडियो गैलरी
image