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घर के साथ जिंदा जल गयी महिला, मामला संदिग्ध

By HindusthanSamachar | Publish Date: Jun 14 2018 9:38PM
घर के साथ जिंदा जल गयी महिला, मामला संदिग्ध
नरसिंहपुर, 14 जून (हि.स.)। गुरूवार की सुबह करीब 9 बजे तेंदूखेड़ा थाना अंतर्गत ग्राम खमरिया बरांझ के हरिजन मोहल्ला मे अज्ञात कारणों से एक झोपड़ानुमा मकान आग से जलकर खाक हो गया। इसी आग के आगोश मे आकर घर मे मौजूद एक महिला भी जिंदा जल गयी। प्राप्त जानकारी के अनुसार हरिजन मोहल्ला निवासी टावल सिंह धानक की झोपड़ी मे उस वक्त आग लगी जब घर मे उसकी 35 वर्षीय पत्नि गनेशी बाई अकेली थी, इस आग मे जलकर उसकी दर्दनाक मौत हो गयी। बताया गया है कि गनेशी बाई टावल सिंह की दूसरी पत्नि थी जिससे उसे दो बच्चे भी हैं। वहीं पहली पत्नि का एक बच्चा भी टावल के साथ ही रहता है। जिस वक्त यह घटना हुई उस वक्त टावल सिंह किसी काम से गांव मे ही गया हुआ था एवं बच्चे भी बाहर खेल रहे थे। टॉवल 8-10 दिन पूर्व ही अपने परिवार के साथ खमरिया वापस आया था। बारिश से इतर दिनों मे वह काम-काज के लिए अन्यत्र चला जाता है। प्रथम दृष्टया मामला संदिग्ध है लेकिन गांव के पता चला है कि पति-पत्नि व परिवार मे किसी तरह का कोई विवाद नही था। बहरहाल पुलिस मामले की जांच मे जुटी हुई है। न तेंदूखेड़ा मे पीएम हुआ, न करेली मेंं मानवीय संवेदनाओं को झकझोर देने वाली जिस घटना मे जहां 2 मासूम बच्चों के सिर से मां का साया उठ गया वहीं पूरे परिवार के लिए यह किसी वज्राघात से कम नही है। सरकारी अस्पतालों से अक्सर सामने आने वाली संवेदनहीनता इस मामले मे भी सामने आयी। मृतिका गनेशी बाई के परिजन पुलिस के साथ उसके झुलसे हुए शव को लेकर जब तेंदूखेड़ा अस्पताल पहुंचे तो वहां एक चिकित्सक के छुट्टी पर रहने एवं दूसरे चिकित्सक के पेशी पर चले जाने की वजह से महिला का पोस्ट मार्टम नही हुआ। शव को पीएम हेतु करेली चिकित्सालय रिफर कर दिया गया। करेली मे भी डॉक्टर की दस्तक अभियान मे ड्यूटी होने के कारण पीएम नही हो सका और शव को फिर तेंदूखेड़ा वापस भेज दिया गया। अब गनेशी बाई का शव तेंदूखेड़ा के पीएम कक्ष मे रखा हुआ है। इनका कहना है इस संबंध में हमारे पास पुख्ता जानकारी तो नहीं है लेकिन जब तेंदूखेड़ा में पदस्थ डॉक्टर नरसिंहपुर पेशी पर गये हुये थे तो शाम को लौटते समय पी.एम. कर सकते थे। करेली से भी बी.एम.ओ. का फोन हमारे पास आया था लेकिन जब हमने डॉक्टर पटैल से संपर्क किया तो उनका फोन लगातार बंद बता रहा था। डॉ. एस.पी. अहिरवार-विकासखंड चिकित्सा अधिकारी हिन्‍दुस्‍थान समाचार/संजय/राजू/मयंक
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